Friday, May 25, 2007
पिया मिलन को जाना
Download this episode (4 min)
लीजिये पॆश है पंकज मल्लिक का गाया एक बहुत ही दुर्लभ गाना। फिल्म का नाम है कपाल कुंडला।
कपाल कुंडला बंकिम चन्द्र चटोपाध्याय का सुप्रसिद्ध उपन्यास है। फिल्म के निर्देशक हैं नितिन बोस और यह फिल्म बनी थी 1939 में।
Posted by चैतन्य सागर at 11:09 AM | 2 comments
2 Comments:
My Profile
चैतन्य सागर
View my complete profile
Links
इतने श्रोता
Recent Posts
कैसे दिन बीते, कैसे बीती रतियाँ पिया जाने ना आ इन्तजार है तेराArchives
Jul 2007 May 2007




सागर भाई ,आभार । आप 'नारद' की कड़ी दे रहे हैं । नारद पर इन प्रविष्टियों की प्रतीक्षा रहेगी।
बहुत बहुत धन्यवाद. यह गीत मेरा प्रिय हूं. सागर भाई एक ज़हमत और उठाएं. लता जी ने इसी गीत को अपनी आवाज़ दी है. एलबम 'श्रद्धांजलि' मे. वह गीत भी अपलोड कीजिए ना. बेहतरीन नग़में सुनाते रहिए. पुनः धन्यवाद.